Udyamita ke Mooladhar
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बी काम - एम काम >> उद्यमिता के मूलाधार

उद्यमिता के मूलाधार

प्रो. आर सी अग्रवाल

डॉ. ओ पी गुप्ता

संजय अग्रवाल

प्रकाशक : एसबीपीडी पब्लिशिंग हाउस प्रकाशित वर्ष : 2018
पृष्ठ :200
मुखपृष्ठ : पेपरबैक
पुस्तक क्रमांक : 2517
आईएसबीएन :9789350470626

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विभिन्न भारतीय विश्वविद्यालयों के बी काम के पाठ्यक्रमानुसार

बी काम के विद्यार्थियों हेतु

विषय-सूची

इकाई : प्रथम Unit : I
प्रस्तावना
Introduction

1. उद्यमी ...1-18
Entrepreneur
अर्थ, परिभाषाएँ, अवधारणाएँ, विशेषताएँ एवं महत्व/भूमिका।
2. उद्यमिता-एक परिचय …19-26
Entrepreneuaship-An Introduction
उद्गम, अर्थ, अवधारणा, परिभाषा, लक्षण, उद्यमी वर्ग का उद्भव, उद्यमिता की विचारधाराएँ, सामाजिक एवं आर्थिक पर्यावरण का योगदान तथा उद्यमी का महत्व/भूमिका।
3. नेतृत्व ...27-64
Leadership
जोखिम वहन, निर्णयन तथा व्यावसायिक नियोजन ।

इकाई: द्वितीय Unit : Ii
उद्यम का प्रवर्तन
Promotion of A Venture

4. उद्यम का प्रवर्तन...65-73
Promotion of A Venture
उद्यम के प्रवर्तन का अर्थ, परिभाषाएँ, लक्षण, अवसर से आशय, अवसरों के विश्लेषण से आशय, बाजार एवं माँग विश्लेषण, संसाधन विश्लेषण, तकनीकी विश्लेषण, वित्तीय विश्लेषण, व्यावसायिक पर्यावरण विश्लेषण, संयन्त्र स्थान एवं अभिन्यास विश्लेषण तथा मल्यांकन विश्लेषण।
5. बाहरी पर्यावरण विश्लेषण …74-85
External Environmental Analysis
उद्यमी तथा पर्यावरण का सम्बन्ध,पर्यावरण का अर्थ, प्रकार, बाहरी पर्यावरणीय विश्लेषण का अर्थ, बाहरी पर्यावरणीय विश्लेषण को प्रभावित करने वाले घटक, बाहरी पर्यावरणीय विश्लेषण की तकनीकें--सोट तथा ईटोप आदि।
6. नवीन इकाई की स्थापना के लिए वैधानिक आवश्यकताएँ...86-92
Legal Requirements for Establishment of A New Unit
प्रारम्भिक, लाइसेंस, प्रदूषण नियन्त्रण मण्डल से निकासी, अस्थायी पंजीयन प्रमाण-पत्र, स्थायी पंजीयन प्रमाण-पत्र, पूँजी निर्गमन प्रमाण-पत्र, कारखाना अधिनियम के अन्तर्गत पंजीयन, आयात लाइसेंस, लघु इकाई पंजीयन प्रमाण-पत्र, आवश्यक वस्तु अधिनियम के अन्तर्गत प्रमाण-पत्र, परभोगी द्वारा सूचना, शक्ति के लिए आवेदन, जल संयोजन के लिए आवेदन, आयकर सत्ता के अन्तर्गत पंजीयन, बिक्रीकर सत्ता के अन्तर्गत पंजीयन, उत्पाद शुल्क विभाग में पंजीयन तथा ट्रेडमार्क अधिनियम के अन्तर्गत पंजीयन आदि।।
7. कोषों को जुटाना खड़ा करना अथवा निर्माण करना ...93-113
Raising of Funds
अर्थ, आवश्यकताएँ, प्रकार, स्रोत, स्थायी पूँजी, कार्यशील पूँजी, पूँजी संरचना, अंशों का निर्गमन, ऋण-पत्रों का निर्गमन, केन्द्र स्तरीय वित्तीय संस्थान, राज्य स्तरीय वित्तीय संस्थान, व्यापारिक बैंक, जन निक्षेप, अर्जित लाभों का पुनर्वियोजन तथा अन्य स्रोत।
8. उद्यम पूँजी तथा आवश्यक प्रलेखीकरण ...114--125
Venture Capital And Documentation Required
आशय, लक्षण, अवस्थाएँ, स्रोत तथा आवश्यक प्रलेखीकरण ।

इकाई : तृतीय Unit : III
उद्यमिता व्यवहार
Entrepreneurial Behaviour

9. उद्यमिता उद्यमीय व्यवहार ...126--133
Entrepreneurial Behaviour
नवाचार एवं उद्यमी, उद्यमिता व्यवहार और मनोवैज्ञानिक विचारधाराएँ।
10. सामाजिक उत्तरदायित्व अथवा उद्यमिता का सामाजिक उत्तरदायित्व अथवा व्यवसाय का सामाजिक उत्तरदायित्व ...134-154
Social Responsibility or Social Responsibility of Entrepreneurship or Social Responsibility of Business

इकाई : चतुर्थ Unit : IV
उद्यमिता विकास कार्यक्रम
Entrepreneurial Development Programmes

11. उद्यमिता विकास कार्यक्रम ...155-174
Entrepreneurial Development Programmes
अर्थ, उद्देश्य, भूमिका, प्रासंगिकता, उपलब्धियाँ, भारत में उद्यमिता का विकास कार्यक्रम, भारत में उद्यमिता विकास कार्यक्रम की धीमी प्रगति के कारण, उद्यमिता विकास कार्यक्रम को संगठित करने में सरकार की भूमिका, आलोचनात्मक मूल्यांकन एवं सुझाव।

इकाई : पंचम Unit : V
उद्यमी की भूमिका
Role of Entrepreneur

12. उद्यमी की भूमिका योगदान ...175-186
Role of Entrepreneur
आर्थिक विकास में नवाचारी के रूप में उद्यमी का योगदान, रोजगार अवसरों का सृजन, पूरक व अनुपूरक आर्थिक विकास, उद्योगों का सन्तुलित क्षेत्रीय विकास व सामाजिक स्थायित्व, निर्यात संवर्द्धन व आयात प्रतिस्थापन में योगदान ।
13. स्थानीय माँग का आवर्धन एवं पूर्ति तथा विदेशी विनिमय अर्जन …187-192
Augmenting & Meeting Local Demand & Forex Earning

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